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CTET सितंबर 2026 FAQ
CTET यानी Central Teacher Eligibility Test एक राष्ट्रीय स्तर की शिक्षक पात्रता परीक्षा है, जिसे CBSE आयोजित करता है। यह परीक्षा उन उम्मीदवारों के लिए होती है जो सरकारी और निजी स्कूलों में कक्षा 1 से 8 तक शिक्षक बनना चाहते हैं। CTET पास करने के बाद उम्मीदवार केंद्रीय विद्यालय, नवोदय विद्यालय और अन्य कई स्कूलों में शिक्षक भर्ती के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह परीक्षा वर्ष में दो बार आयोजित की जाती है और इसका प्रमाणपत्र आजीवन मान्य रहता है।
उम्मीदवार CTET की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया में रजिस्ट्रेशन, फॉर्म भरना, फोटो एवं हस्ताक्षर अपलोड करना और फीस जमा करना शामिल है। आवेदन भरते समय सभी जानकारी सही तरीके से दर्ज करनी चाहिए। अंतिम सबमिट करने से पहले पूरा फॉर्म जांच लेना जरूरी है। सफल आवेदन के बाद उम्मीदवार को आवेदन फॉर्म का प्रिंटआउट सुरक्षित रखना चाहिए ताकि भविष्य में जरूरत पड़ने पर उसका उपयोग किया जा सके।
CTET Paper 1 उन उम्मीदवारों के लिए होता है जो कक्षा 1 से 5 तक पढ़ाना चाहते हैं। वहीं Paper 2 उन अभ्यर्थियों के लिए होता है जो कक्षा 6 से 8 तक शिक्षक बनना चाहते हैं। यदि कोई उम्मीदवार दोनों स्तरों पर शिक्षक बनना चाहता है तो वह दोनों पेपर दे सकता है। दोनों पेपर में अलग-अलग विषय और प्रश्न पूछे जाते हैं। उम्मीदवार को अपनी शैक्षणिक योग्यता के अनुसार सही पेपर का चयन करना चाहिए।
CTET के लिए उम्मीदवार को संबंधित शिक्षक प्रशिक्षण कोर्स जैसे D.El.Ed या B.Ed में उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में होना चाहिए। Paper 1 के लिए प्राथमिक शिक्षक प्रशिक्षण योग्यता आवश्यक होती है जबकि Paper 2 के लिए स्नातक के साथ B.Ed या समकक्ष योग्यता जरूरी है। अलग-अलग श्रेणियों के लिए पात्रता नियम अलग हो सकते हैं। आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक नोटिफिकेशन ध्यानपूर्वक पढ़ना चाहिए ताकि किसी प्रकार की गलती न हो।
CTET परीक्षा में बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रत्येक पेपर में कुल 150 प्रश्न होते हैं और प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होता है। परीक्षा की अवधि 2 घंटे 30 मिनट होती है। इसमें बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र, भाषा, गणित, पर्यावरण अध्ययन और सामाजिक विज्ञान जैसे विषय शामिल होते हैं। परीक्षा ऑफलाइन OMR आधारित मोड में आयोजित की जाती है। सबसे अच्छी बात यह है कि इसमें नेगेटिव मार्किंग नहीं होती, जिससे उम्मीदवार बिना डर के सभी प्रश्न हल कर सकते
सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों को CTET पास करने के लिए कम से कम 60 प्रतिशत अंक प्राप्त करने होते हैं। यानी 150 में से 90 अंक जरूरी होते हैं। वहीं आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमानुसार छूट प्रदान की जाती है। CTET केवल पात्रता परीक्षा है, इसलिए इसमें प्राप्त अंक मेरिट नहीं बनाते। परीक्षा पास करने के बाद उम्मीदवार शिक्षक भर्ती प्रक्रियाओं में आवेदन कर सकते हैं। अच्छे अंक प्राप्त करने के लिए नियमित अभ्यास और सही रणनीति बहुत जरूरी होती है।
नहीं, CTET परीक्षा में किसी प्रकार की नेगेटिव मार्किंग नहीं होती है। यदि उम्मीदवार किसी प्रश्न का गलत उत्तर देता है तो उसके अंक नहीं काटे जाते। यही कारण है कि उम्मीदवारों को सभी प्रश्नों का उत्तर देने की सलाह दी जाती है। बिना नेगेटिव मार्किंग वाली परीक्षा होने के कारण अभ्यर्थी अधिक आत्मविश्वास के साथ परीक्षा दे सकते हैं। सही तैयारी और समय प्रबंधन के जरिए अच्छे अंक प्राप्त करना आसान हो जाता है।
CTET परीक्षा का एडमिट कार्ड परीक्षा तिथि से कुछ दिन पहले जारी किया जाता है। उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपना एप्लीकेशन नंबर और जन्मतिथि दर्ज करके एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र, परीक्षा समय और जरूरी निर्देश दिए होते हैं। परीक्षा केंद्र पर एडमिट कार्ड और एक वैध फोटो पहचान पत्र ले जाना अनिवार्य होता है। उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि एडमिट कार्ड जारी होने के बाद सभी जानकारी अच्छी तरह जांच लें
CTET पास करने के बाद उम्मीदवार देश के विभिन्न केंद्रीय और राज्य स्तरीय स्कूलों में शिक्षक भर्ती के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह प्रमाणपत्र शिक्षक बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जाता है। कई निजी स्कूल भी CTET योग्य उम्मीदवारों को प्राथमिकता देते हैं। इसके अलावा CTET पास करने से उम्मीदवार की शिक्षण क्षमता और करियर अवसर दोनों बढ़ते हैं। आजीवन वैधता होने के कारण उम्मीदवार को बार-बार परीक्षा देने की आवश्यकता नहीं पड़ती।
CTET की तैयारी के लिए उम्मीदवार को सबसे पहले नया सिलेबस और परीक्षा पैटर्न समझना चाहिए। नियमित रूप से मॉक टेस्ट और पिछले वर्षों के प्रश्नपत्र हल करना बेहद जरूरी है। बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र विषय पर विशेष ध्यान देना चाहिए क्योंकि यह दोनों पेपर में महत्वपूर्ण होता है। समय प्रबंधन, सही नोट्स और नियमित अभ्यास सफलता की कुंजी हैं।

